इस वीडियो में नौवें सिख गुरु, श्री गुरु तेग बहादुर जी के अतुलनीय बलिदान और वीरता की कहानी को एक प्रेरणादायक कविता के माध्यम से प्रस्तुत किया गया है।जानिए कैसे उन्होंने मुगल शासक औरंगजेब की क्रूरता के खिलाफ खड़े होकर हिंदू धर्म की रक्षा की। यह कविता उनके उस अद्भुत पराक्रम का वर्णन करती है, जो उन्होंने मात्र 14 साल की कम उम्र में दिखाया था, जिसके कारण वे "तेग बहादुर" कहलाए और उनकी कीर्ति आज भी पूरे गगन को छू रही है।आपके द्वारा दी गई कविता: तेग बहादुर जो हुए , नौवे गुरु कहलाय । युद्ध औरंगजेब से , हिंदू धर्म बचाय ।। हिंदू धर्म बचाय , रही उम्र चौदह साल । उठा हाथ तलवार , दिखाएं भारी कमाल ।। 'वाणी' नवीन नाम , कीर्ति अब गगन को छुए । गांव-गांव पूजाय, तेग बहादुर जो हुए ।।
https://youtu.be/oSZYYw51Elg
https://youtube.com/shorts/eHslcJ2cC9g