शुक्रवार, 26 मार्च 2010

आज का आदमी


आज का आदमी
अपनी गरीबी के कारण
बहुत कम
और
पडोसियों की तरक्की से

बहुत
ज्यादा दुखी है

अमृत 'वाणी'

3 टिप्‍पणियां:

Udan Tashtari ने कहा…

सटीक!

Suman ने कहा…

nice

Web hosting india ने कहा…

Nice links and i agree with you. Because aajkal log dusro ki tarkki se bahut dukhi hote hai.